आईजी कॉन्फ्रेंस में गृह विभाग की सराहना, पुलिस की उपलब्धियों पर जताया गर्व
THE NewsBar | भोपाल। मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को पुलिस मुख्यालय में आयोजित राज्य स्तरीय आईजी कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए मध्यप्रदेश पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना की और कहा कि प्रदेशवासियों की सुरक्षा तथा कानून व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की सर्वोच्च जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि पीड़ितों के साथ संवेदनशील और विनम्र व्यवहार करते हुए त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए।
पुलिस मुख्यालय पहुंचने पर मुख्यमंत्री को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। सम्मेलन के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने हाल ही में पुलिस द्वारा आतंकवादियों के एक सहयोगी की गिरफ्तारी का उल्लेख करते हुए कहा कि “हमारी पुलिस बिल में छिपे ऐसे सपोलों को पकड़ने में समर्थ है।” उन्होंने कहा कि पुलिस ने समय रहते एक बड़ी साजिश का पर्दाफाश कर प्रदेश और देश की सुरक्षा के लिए संभावित खतरे को टाल दिया।
साइबर अपराध, महिला सुरक्षा और सड़क हादसों पर विशेष फोकस
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि साइबर अपराधों की रोकथाम और जनजागरूकता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। साथ ही सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने, मानव तस्करी पर नियंत्रण, महिला एवं बाल सुरक्षा को और मजबूत बनाने तथा धार्मिक स्थलों पर ध्वनि विस्तारक यंत्रों के संबंध में न्यायालय के निर्देशों का प्रभावी पालन सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2028 में होने वाला करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का महापर्व होगा और मध्यप्रदेश पुलिस अपनी संवेदनशीलता, सतर्कता और सेवा भावना से देश-दुनिया के सामने आदर्श व्यवस्था का उदाहरण प्रस्तुत करेगी।
नक्सलवाद के खिलाफ कार्रवाई को बताया ऐतिहासिक उपलब्धि
मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार के कार्यकाल में पुलिस ने कई ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल की हैं। उन्होंने बताया कि मंडला, बालाघाट और डिंडोरी जैसे क्षेत्रों में वर्षों से नक्सलवाद विकास में बाधा बना हुआ था, लेकिन प्रधानमंत्री के संकल्प और केंद्रीय गृह मंत्री के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश पुलिस ने नक्सली गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित कर उत्कृष्ट कार्य का परिचय दिया है।
उन्होंने दावा किया कि मध्यप्रदेश उन राज्यों में शामिल है जिसने अपने यहां नक्सलवाद की समस्या को समाप्त करने की दिशा में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की है।
पुलिस भर्ती और संसाधनों को मिल रहा बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि बदलते समय में पुलिस के सामने साइबर अपराध जैसी नई चुनौतियां हैं, जिनसे निपटने के लिए सरकार लगातार संसाधन उपलब्ध करा रही है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में पुलिस बल को मजबूत करने के लिए लगातार भर्ती अभियान चलाए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष से लगभग 22 हजार पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू की गई है और सरकार का प्रयास है कि पुलिस विभाग में कोई पद रिक्त न रहे।
आतंकवाद के खिलाफ सतर्क और सक्षम है पुलिस
मुख्यमंत्री ने कहा कि हालिया कार्रवाई में पुलिस ने न केवल एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया, बल्कि उसके पूरे नेटवर्क और षड्यंत्र का भी खुलासा किया। घटना स्थल से जिहादी विचारधारा से संबंधित बड़ी मात्रा में साहित्य भी बरामद किया गया।
उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई दर्शाती है कि मध्यप्रदेश पुलिस आतंकवाद और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों के खिलाफ प्रभावी, सक्षम और सतर्क कार्रवाई करने में पूरी तरह समर्थ है। मुख्यमंत्री ने गृह विभाग और पुलिस बल को उनकी उपलब्धियों के लिए बधाई देते हुए भविष्य में भी इसी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करने का आह्वान किया।