केंद्र सरकार के फैसले पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जताया प्रधानमंत्री मोदी का आभार
THE NewsBar | भोपाल। केंद्र सरकार ने विपणन वर्ष 2026-27 के लिए 14 खरीफ फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में वृद्धि को मंजूरी दे दी है। प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में बुधवार को हुई आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति की बैठक में यह महत्वपूर्ण फैसला लिया गया। इस निर्णय पर मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री मोदी का आभार व्यक्त किया है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में किसानों के हित में लगातार ऐतिहासिक फैसले लिए जा रहे हैं। MSP में वृद्धि से किसानों की आय बढ़ेगी और कृषि क्षेत्र को मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा किसानों के हित संवर्धन के लिए लगातार ठोस कदम उठाए जा रहे हैं, जिनका लाभ मध्यप्रदेश सहित पूरे देश के किसानों को मिलेगा।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि वर्ष 2026 को मध्यप्रदेश में “किसान कल्याण वर्ष” के रूप में मनाया जा रहा है। इसके अंतर्गत किसानों के लिए उन्नत कृषि यंत्रों की प्रदर्शनियां, नई कृषि तकनीकों का प्रशिक्षण और किसान हितैषी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि MSP में वृद्धि से विशेष रूप से रागी, मक्का, ज्वार और बाजरा उत्पादक किसानों को बड़ा लाभ मिलेगा, क्योंकि मध्यप्रदेश श्री अन्न उत्पादन में अग्रणी राज्यों में शामिल है।
सूरजमुखी और कपास के MSP में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी
केंद्र सरकार ने सूरजमुखी बीज के MSP में सबसे अधिक 622 रुपये प्रति क्विंटल की वृद्धि की है। वहीं कपास में 557 रुपये, नाइजर सीड में 515 रुपये और तिल में 500 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है।
सरकार के अनुसार उत्पादन लागत पर किसानों को मूंग में सबसे अधिक 61 प्रतिशत लाभ मिलने का अनुमान है। इसके बाद बाजरा और मक्का में 56 प्रतिशत तथा अरहर में 54 प्रतिशत लाभ अनुमानित है। उड़द में 51 प्रतिशत और रागी, हाइब्रिड ज्वार एवं धान में 50 प्रतिशत लाभ किसानों को मिलने की संभावना जताई गई है। वहीं तिलहन फसलों में मूंगफली, सूरजमुखी बीज, सोयाबीन, तिल, नाइजर सीड और मध्यम रेशे वाले कपास में भी किसानों को लागत पर लगभग 50 प्रतिशत लाभ मिलने का अनुमान है।